*पत्रकार के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण जानकारी*(जो आर एन आई दिल्ली, ब्रॉडकास्ट दिल्ली, सूचना प्रसारण से संबंध संस्था संपादक हो या उस संस्था के रजिस्टर्ड पत्रकार)पत्रकार को कवरेज से रोकना गंभीर अपराध हैसभी साथी ध्यान दें - 1 जुलाई 2024 से IPC खत्म हो चुकी है, अब पूरे देश में *BNS - भारतीय न्याय संहिता 2023* लागू है।यदि कोई आपको खबर कवरेज, फोटो/वीडियो बनाने से रोकता है, धमकाता है तो ये धाराएं लगेंगी -1. कवरेज से रोकने / बाधा डालने पर :-*BNS 126 -* सदोष अवरोध (रास्ता रोकना, कैमरा पकड़ना)BNS 127 -सदोष परिरोधBNS 221 - लोक सेवक को कर्तव्य से रोकना (पत्रकार लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है)2. कैमरा तोड़ना / वीडियो डिलीट कराना / माइक छीनना :-*BNS 324 -* रिष्टि / संपत्ति को नुकसान (5 साल तक सजा)- *BNS 303 / 306 -* चोरी / लूट-BNS 316 -* आपराधिक न्यास भंग3. गाली-गलौज, धमकाने और मारपीट करने पर :-*- BNS 351(1)(2)(3) -* आपराधिक धमकी (2 से 7 साल तक सजा)- BNS 352 - शांति भंग करने के इरादे से अपमान करना- BNS 115(2) - स्वेच्छा से चोट पहुंचाना- BNS 117 - गंभीर चोट4. सबसे मजबूत धाराएं :-*- BNS 308(2) -जबरन वसूली (खबर रोकने के लिए धमकाना)- IT Act 66E + 67 - जबरदस्ती फोटो/वीडियो डिलीट करानाFIR में क्या लिखवाएं मैं .......... समाचार पत्र/चैनल का .......... क्षेत्र का पत्रकार हूं। मैं जनहित में खबर का कवरेज कर रहा था, तभी आरोपी .......... ने मुझे कवरेज करने से रोका, मेरे साथ गाली-गलौज, धमकी और हाथापाई की तथा मेरा कैमरा तोड़ने / वीडियो डिलीट कराने का प्रयास किया। आरोपी पर BNS की धारा 126, 351, 324, 352 के तहत सख्त कार्रवाई की जाए।" *पत्रकार एकता जिंदाबाद!*
byAll State News 24
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